गूगल मैप्स पर 45 हजार कम्यूनिटी और पब्लिक टॉयलेट्स को शामिल किया गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक केंद्र सरकार के ‘लू रिव्यू अभियान’ के अंतर्गत इन सामुदायिक और सार्वजनिक शौचालयों को जोड़ा गया है।

आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय ने सितंबर 2018 में लू रिव्यू कैंपेन को शुरू करने के लिए गूगल के साथ हाथ मिलाया था, ताकि भारत के सभी स्थानीय गाइड गूगल मैप्स पर सार्वजनिक शौचालयों की रेटिंग और रिव्यू दर कर सकें।

पांच जुलाई को बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आंकड़ों को जिक्र करते हुए कहा था टॉयलेट लोकेटर फीचर आने से एप को काफी बढ़ोतरी मिली है। एप में भारत के 1700 शहरों के 45 हजार शौचालयों को शामिल किया गया है, हालांकि केंद्र ने ग्रामीण इलाकों के शौचालयों को शामिल नहीं किया है।

इस कैंपेन का उद्देश्य है कि सभी नागरिक अपने शहरों के शौचालयों को गूगल मैप्स, गूगल सर्च और असिस्टेंट पर खोज सकें और अपनी प्रतिक्रिया दे सकें।