नई दिल्ली : टीम इंडिया के बाएं हाथ के सलामी बल्लेबाज शिखर धवन ने नकारात्मक ऊर्जा से बचने के लिए मांसाहार का सेवन छोड़ दिया है। अब वह पूरी तरह शाकाहारी हो गए हैं। एक साक्षात्कार में 33 साल के गब्बर ने कहा कि उनके मांसाहार छोड़ने की वजह फिटनेस नहीं है, बल्कि अपने सिस्‍टम से नकारात्मक ऊर्जा को कम करने के लिए शाकाहारी बने हैं। कुछ दिनों से उन्हें लग रहा था कि मांसाहार के कारण उनमें नकारात्मक ऊर्जा आ रही है। यही कारण है कि उन्होंने पिछले तीन महीने से मांसाहार छोड़ दिया है।

सीख रहे हैं बांसुरी बजाना

शिखर धवन सिर्फ शाकाहारी ही नहीं बने है, बल्कि इन दिनों वह बांसुरी बजाना भी सीख रहे हैं और सूफी संगीत सुनकर अपना समय बिता रहे हैं। उनके पसंदीदा सूफी गायक वडाली ब्रदर्स हैं। उन्होंने कहा कि तनाव से दूर रहने का यह उनका तरीका है।

भावनाएं प्रदर्शित करना पसंद नहीं

धवन इस आईपीएल में जबरदस्त फॉर्म में दिखे थे। उन्होंने दिल्‍ली कैपिटल्‍स की ओर से खेलते हुए 16 मैचों में 521 रन बनाए थे। मैदान पर वह हमेशा मस्त रहते हैं और टीम के साथ हंसी-मजाक और डांस करते दिखते हैं। इसके बावजूद वह कहते हैं कि उन्हें ज्यादा भावनाएं प्रदर्शित करना पसंद नहीं है। उन्होंने कहा कि गंभीरता उनके भीतर ही रहती है। दिमाग को शांत रखना उन्हें पसंद है।

बुरे दौर से निकलने में पत्नी ने की मदद

आईपीएल से पहले तक धवन फॉर्म में नहीं थे। इसे लेकर उनकी काफी आलोचनाएं हुई थी। वह अपनी अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में तब्दील नहीं कर पा रहे थे। धवन कहते हैं कि इस दौर उबरने में उनकी पत्नी ने उनकी काफी मदद की। क्रिकेट पर वह अक्सर अपनी पत्नी आयशा के साथ चर्चा करते रहते हैं। अगर वह अच्छा नहीं खेल रहा होते हैं तो उनकी पत्नी कभी-कभी इतना गुस्सा करती हैं कि उन्हें कहना पड़ता है कि शांत हो जाओ, इतना गुस्सा तो उनका कोच भी नहीं करता।